इस्माइली समुदाय की रूट्स फॉर चेंज पहल ने दस लाख वृक्षों का लक्ष्य हासिल किया
वैश्विक स्वयंसेवी प्रयास ने पर्यावरण संरक्षण में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की 5 जून 2026 मात्र एक वर्ष से कुछ अधिक समय में, इस्माइली मुस्लिम समुदाय की रुट्स फॉर चेंज’ पहल ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है दुनिया भर में दस लाख से अधिक वृक्ष लगाए गए हैं। यह उपलब्धि विभिन्न क्षेत्रों और पारिस्थितिक तंत्रों में स्वयंसेवकों द्वारा संचालित पर्यावरणीय गतिविधियों के माध्यम से प्राप्त हुई है, जो जलवायु परिवर्तन से निपटने और पर्यावरण संरक्षण को आगे बढ़ाने में सामूहिक प्रयासों की शक्ति को प्रदर्शित करती है। ग्लोबल एनकाउंटर्स फेस्टिवल 2025 के दौरान दुबई में शुरू की गई और इस्माइली CIVIC द्वारा ग्लोबल एनकाउंटर्स के सहयोग से संचालित इस पहल का उद्देश्य, पृथ्वी दिवस 2026 से पहले वृक्षारोपण और सामुदायिक सहभागिता गतिविधियों को समर्थन देना था। यह आगा खान डेवलपमेंट नेटवर्क (AKDN) के व्यापक स्थिरता प्रयासों का हिस्सा था।
17 देशों में स्वयंसेवकों ने स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप वृक्षारोपण और संरक्षण गतिविधियों में भाग लिया, जिनमें मैंग्रोव वृक्षारोपण, सामुदायिक हरितीकरण, कृषि-वनीकरण सहयोग तथा परिदृश्य पुनर्वास पहले शामिल थी। “अल्लाह की सृष्टि के संरक्षक होने के नाते, हमें दुनिया को उससे बेहतर स्थिति में छोड़ने का आहवान किया गया है, जैसी हमने उसे पाया था। दुनिया भर में हजारों लोगों के हाथों से लगाए गए दस लाख वृक्ष यह दर्शाते हैं कि जब कोई समुदाय उद्देश्य से एकजुट हो, मूल्यों द्वारा मार्गदर्शित हो और कार्य करने के लिए प्रेरित हो, तो क्या कुछ संभव है। सेवा की यही भावना इस कार्य को आने वाली पीढ़ियों तक आगे बढ़ाती रहेगी।”
मलिक तालिब, अध्यक्ष, लीडर्स इंटरनेशनल फोरम इस अभियान की व्यापक पहुँच को इस्माइली CIVIC द्वारा समन्वित साझेदारियों और स्थानीय पर्यावरणीय पहलों का समर्थन प्राप्त हुआ। रत में, रूट्स फॉर चेंज की शुरुआत के बाद से इस्माइली समुदाय ने हजारों वृक्ष लगाए हैं, जो पर्यावरण संरक्षण और जलवायु कार्रवाई के प्रति दीर्घकालिक प्रतिबद्धता को दर्शता है। वृक्षारोपण अभियान मुंबई, हैदराबाद, रायपुर, सूरत और पुणे सहित प्रमुख शहरों में आयोजित किए गए, साथ ही गुजरात, तेलंगाना और महाराष्ट्र सहित अन्य राज्यों के अनेक कस्बों और ग्रामीण समुदायों में भी कार्यक्रम आयोजित हुए। इन आयोजनों ने सभी आयु वर्ग के उत्साही स्वयंसेवकों, विशेष आवश्यकताओं वाले व्यक्तियों, स्थानीय समुदाय और सहयोगी भागीदारों को एक साथ लाया, जो अधिक हरित, स्वस्थ और टिकाऊ वातावरण बनाने की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इस पहल को विभिन्न राज्य एवं नगर निकाय के गणमान्य व्यक्तियों का समर्थन और मान्यता भी प्राप्त हुई है, जो पर्यावरणीय स्थिरता को आगे बढ़ाने में सहयोगात्मक प्रयासों के महत्व को रेखांकित करती है।

