फार्मास्युटिकल विभाग के सचिव ने चिकित्सा उपकरण उद्योग से भारत के नियामक ढांचे को आकार देने में अधिक योगदान देने का आग्रह किया।
फार्मास्युटिकल विभाग के सचिव मनोज जोशी ने आज चिकित्सा उपकरण उद्योग से भारत के नियामक ढांचे को आकार देने में अधिक योगदान देने का आग्रह किया। नई दिल्ली में आयोजित सीआईआई ग्लोबल मेडटेक समिट में बोलते हुए जोशी ने कहा कि नियामक चर्चाओं में उद्योग की भागीदारी वर्तमान में सीमित है और उन्होंने उद्योग-सरकार के बीच मजबूत संवाद की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि चिकित्सा उपकरणों के लिए दवाओं से अलग एक नियामक ढांचा होना चाहिए, क्योंकि उपकरण इंजीनियरिंग उत्पाद हैं जिनकी गुणवत्ता डिजाइन, निर्माण और परीक्षण पर निर्भर करती है। जोशी ने चिकित्सा उपकरण डिजाइन और तैयार उत्पादों दोनों के लिए मजबूत परीक्षण की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला।

