गर्मी की मार में जल रहा रिसाली: संजीत विश्वकर्मा
रिसाली । भीषण गर्मी के बीच रिसाली नगर निगम क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं का संकट गहराता जा रहा है। पानी की किल्लत, जर्जर सड़कें, गंदगी से भरी नालियां और उपेक्षित तालाबों को लेकर अब जनआक्रोश खुलकर सामने आने लगा है। इसी कड़ी में आम आदमी पार्टी के प्रदेश संगठन मंत्री संजीत विश्वकर्मा ने आज रिसाली नगर निगम पहुंचकर निगम आयुक्त को ज्ञापन सौंपा और प्रशासन की कार्यशैली पर तीखा हमला बोला।
ज्ञापन सौंपने के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए संजीत विश्वकर्मा ने कहा कि “रिसाली नगर निगम आज गर्मी की मार में जल रहा है, लेकिन निगम प्रशासन एसी कमरों में बैठकर केवल कागजी कार्रवाई में व्यस्त है।” उन्होंने आरोप लगाया कि , स्टेशन मरौदा सहित कई वार्डों में महीनों से समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं, लेकिन जिम्मेदार अधिकारी इनकी ओर ध्यान देने को तैयार नहीं हैं
विश्वकर्मा ने विशेष रूप से वार्ड 16 से 21 का मुद्दा उठाते हुए कहा कि यहां के लोग इस भीषण गर्मी में बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं। सुबह से लेकर देर शाम तक लोग पानी की तलाश में भटकते रहते हैं, कई जगहों पर टैंकर की व्यवस्था भी नहीं है। उन्होंने कहा कि “जब तापमान लगातार बढ़ रहा है, तब पानी की व्यवस्था प्राथमिकता होनी चाहिए, लेकिन निगम की लापरवाही ने लोगों को संकट में डाल दिया है।”
इस दौरान उनके साथ लोकसभा अध्यक्ष की गीतेश्वरी बघेल भी मौजूद रहीं, जिन्होंने क्षेत्र की समस्याओं को गंभीर बताते हुए कहा कि यह केवल एक-दो वार्ड की समस्या नहीं है, बल्कि पूरे रिसाली क्षेत्र में बुनियादी सुविधाओं का ढांचा चरमरा गया है। उन्होंने बताया कि सड़कों की हालत इतनी खराब है कि आए दिन हादसों का खतरा बना रहता है, वहीं नालियों की सफाई नहीं होने से गंदगी फैल रही है और बीमारियों का डर बढ़ रहा है।
ज्ञापन में यह भी उल्लेख किया गया कि आम आदमी पार्टी द्वारा पूर्व में भी कई बार नगर निगम को आवेदन पत्र देकर समस्याओं से अवगत कराया गया, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इससे यह स्पष्ट होता है कि प्रशासन जनता की परेशानियों को लेकर गंभीर नहीं है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि नालियों का गंदा पानी सड़कों पर बह रहा है, जिससे आवागमन में दिक्कत हो रही है और वातावरण दूषित हो रहा है।
अब देखना यह होगा कि निगम प्रशासन इस बढ़ते जनदबाव और राजनीतिक विरोध के बाद कितनी तेजी से कदम उठाता है। फिलहाल, रिसाली की जनता राहत की उम्मीद में प्रशासन की ओर टकटकी लगाए बैठी है, जबकि गर्मी का प्रकोप दिन-ब-दिन बढ़ता जा रहा है।

