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सर्दी-खांसी में रामबाण है गुड़, ऐसे करें सही इस्तेमाल

गले में जमा कफ, जकड़न और खराश सर्दियों में आम समस्या बन जाती है। ऐसे में एक आसान, सुरक्षित और असरदार घरेलू उपाय है गुड़। गुड़ एक प्राकृतिक खाद्य पदार्थ है, जो शरीर को अंदर से गर्म करता है, गले की सूजन कम करता है और बलगम को ढीला कर बाहर निकालने में मदद करता है। खास बात यह है कि इसका उपयोग बच्चे भी आसानी से कर सकते हैं। बस जरूरी है कि इसे सही तरीके से खाया जाए। आइए जानते हैं गुड़ से कफ साफ करने के आसान और असरदार उपाय।

 गुनगुने पानी के साथ गुड़

गुड़ का एक छोटा टुकड़ा गुनगुने पानी के साथ खाएं। इससे गले को तुरंत गर्माहट मिलती है और दर्द व जकड़न में राहत मिलती है। गुड़ गले की सूजन को कम करता है और जमा बलगम को धीरे-धीरे ढीला करता है। आयुर्वेद के अनुसार सुबह खाली पेट इसका सेवन सबसे अधिक प्रभावी माना जाता है। कई लोग सर्दियों में गुनगुने पानी में थोड़ा सा गुड़ घोलकर पीते हैं, जिससे पूरा दिन गला हल्का और साफ महसूस होता है।

 गुड़ और अदरक का सेवन

गुड़ और अदरक का मिश्रण गले की समस्याओं के लिए पुराने समय से इस्तेमाल किया जाता रहा है। अदरक की गर्म तासीर और गुड़ की मिठास मिलकर बलगम को जल्दी पिघलाती है। बस अदरक का एक छोटा टुकड़ा और थोड़ा सा गुड़ साथ में चबाएं। इससे गले की खुजली, जलन और हल्की खांसी में तुरंत राहत मिलती है। खराश या सूखे गले में यह उपाय खास तौर पर फायदेमंद होता है।

 गुड़ का काढ़ा पिएं

अगर गले में ज्यादा खराश या भारी कफ जमा है, तो गुड़ का काढ़ा बेहद असरदार होता है। इसके लिए पानी में थोड़ा गुड़, अदरक और एक चुटकी अजवाइन डालकर उबालें। यह काढ़ा गले को गर्म रखता है, बलगम को पिघलाता है और बंद गले को खोलने में मदद करता है। रात को सोने से पहले इसका सेवन करने से आरामदायक नींद भी आती है।

गुड़ और काली मिर्च

काली मिर्च बलगम तोड़ने में बहुत प्रभावी मानी जाती है। जब इसे गुड़ के साथ खाया जाता है, तो यह गले की जकड़न को जल्दी दूर करती है और खांसी कम करती है। सुबह उठते ही अगर गला भारी हो या आवाज़ बैठी हुई लगे, तो गुड़ का एक छोटा टुकड़ा और एक चुटकी काली मिर्च लेना फायदेमंद हो सकता है।

 भाप लेने से पहले गुड़

भाप लेना कफ निकालने का पुराना और कारगर तरीका है। अगर भाप लेने से ठीक पहले गुड़ का एक छोटा टुकड़ा खा लिया जाए, तो इसका असर और बढ़ जाता है। गुड़ गले को अंदर से नरम करता है और भाप बलगम को ढीला कर बाहर निकालने में मदद करती है। यह तरीका तब खास तौर पर लाभकारी होता है जब बलगम गले में अटका हो और निकल न रहा हो।