कोंकण पूर्व निदेशक अर्चना के अंतिम संस्कार में विभिन्न क्षेत्रों की हस्तियां
मुंबई । सूचना एवं जनसंपर्क महानिदेशालय की पालघर जिला सूचना अधिकारी एवं कोंकण संभाग की प्रभारी उप निदेशक एवं प्रसिद्ध लेखिका अर्चना गाडेकर-शंभरकर (आयु 52) का लंबी बीमारी के कारण बुधवार, 15 अक्टूबर को शाम 7.20 बजे अपोलो अस्पताल, नवी मुंबई में निधन हो गया। वे मूल रूप से चंद्रपुर की निवासी थीं। स्वर्गीय अर्चना शंभरकर का अंतिम संस्कार आज, 16 अक्टूबर, 2025 को खारघर स्थित श्मशान घाट पर किया गया।
इस अवसर पर सूचना एवं जनसंपर्क महानिदेशालय के सूचना निदेशक (प्रशासन) हेमराज बागुल, निदेशक (सूचना) (समाचार) किशोर गंगुर्डे, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के जनसंपर्क अधिकारी अनिरुद्ध अष्टपुत्रे, कोल्हापुर संभाग के सूचना उपनिदेशक प्रवीण टाके, कोंकण संभाग के वरिष्ठ उपनिदेशक मनोज सानप, साथ ही कोंकण संभागीय मान्यता समिति के अध्यक्ष मनोज जालनावाला, सूचना एवं जनसंपर्क महानिदेशालय के अधिकारी-कर्मचारी, पत्रकार और गाडेकर-शंभरकर के परिजनों ने दिवंगत अर्चना गाडेकर-शंभरकर से जुड़ी स्मृतियों को ताजा करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
दिवंगत अर्चना शंभरकर के परिवार में उनके पति प्रकाश शंभरकर, बच्चे डॉ. अप्रतिम और रिची शंभरकर, पिता भगवान गाडेकर, भाई डॉ. हेमंत गाडेकर, भाई अभिनेता जयंत गाडेकर, बहन डॉ. मोना और एक बड़ा परिवार है। अर्चना शंभरकर एक प्रसिद्ध लेखिका थीं। उनका उपन्यास ‘सोलमेट’ और लघु कहानी संग्रह ‘सरीनास’ प्रकाशित हुए। वे विदर्भ की सुप्रसिद्ध कवयित्री स्वर्गीय विमल गाडेकर की सबसे बड़ी पुत्री थीं।

