इज़रायली सेना ने दोहा में शीर्ष हमास नेताओं पर हत्या के प्रयास की पुष्टि की
इजरायली सेना ने कतर की राजधानी दोहा में शीर्ष हमास नेताओं को निशाना बनाकर हत्या का प्रयास करने की पुष्टि की है, जहां कल कई विस्फोट हुए।
इजरायल रक्षा बल (आईडीएफ) और इजरायल की आंतरिक सुरक्षा एजेंसी शिन बेट दोनों ने इस ऑपरेशन की जिम्मेदारी स्वीकार की, जो कतर की धरती पर पहली ज्ञात इजरायली सैन्य कार्रवाई थी।
हमास के एक बयान के अनुसार, इजरायली हमले में उसके पांच सदस्य मारे गए, लेकिन दोहा में स्थित उसके वार्ता प्रतिनिधिमंडल की हत्या नहीं हो सकी।
समूह ने पुष्टि की है कि हमास के मुख्य वार्ताकार और हमले का मुख्य निशाना खलील अल-हय्या बच गए। हालाँकि, उनके बेटे और उनके कार्यालय के निदेशक कथित तौर पर हमले में मारे गए।
कतर और हमास दोनों ने कहा कि हमले में एक कतरी सुरक्षा अधिकारी भी मारा गया तथा कई अन्य घायल हो गये।
एक बयान में, हमास ने हमले के लिए संयुक्त रूप से अमेरिका को जिम्मेदार ठहराया, तथा कहा कि वाशिंगटन इजरायल की आक्रामकता और हमारे लोगों के खिलाफ अपराधों को लगातार समर्थन दे रहा है।
कतर के विदेश मंत्रालय ने इस हमले की निंदा करते हुए इसे कायरतापूर्ण कृत्य बताया तथा इसे अंतर्राष्ट्रीय कानूनों और मानदंडों का घोर उल्लंघन बताया।
इस बीच, व्हाइट हाउस ने कहा कि दोहा में इजरायली अभियान गाजा में शांति स्थापित करने के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के प्रयासों के विपरीत है।
मीडिया से बात करते हुए व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने कहा कि दोहा के एक आवासीय इलाके में हुआ यह हमला दुर्भाग्यपूर्ण है।
उन्होंने कहा कि हमले से पहले ट्रम्प प्रशासन को कल सुबह स्थिति के बारे में सूचित कर दिया गया था।
लेविट ने कतर को एक संप्रभु राष्ट्र और अमेरिका का करीबी सहयोगी बताया तथा इजरायल और हमास के बीच शांति समझौते के लिए मध्यस्थता करने में कतर की भूमिका की सराहना की।

