राष्ट्रपति मुर्मू, वीपी धनखड़ ने बुद्ध पूर्णिमा की शुभकामनाएं दीं
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर देशवासियों और दुनिया भर में भगवान बुद्ध के अनुयायियों को शुभकामनाएं दी हैं। अपने संदेश में राष्ट्रपति ने कहा कि करुणा के प्रतीक भगवान बुद्ध द्वारा दिया गया अहिंसा, प्रेम और दया का अमर संदेश मानव जाति के कल्याण का मूल मंत्र है। उन्होंने कहा कि उनके आदर्श समानता, सद्भाव और सामाजिक न्याय के शाश्वत मूल्यों में हमारी आस्था को मजबूत करते हैं। राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि उनकी शिक्षाएं लोगों को नैतिकता पर आधारित जीवन जीने के लिए प्रेरित करती हैं। राष्ट्रपति ने कामना की कि लोग भगवान बुद्ध के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाएं और एक शांतिपूर्ण, सामंजस्यपूर्ण और विकसित राष्ट्र के निर्माण में योगदान दें।
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर सभी नागरिकों को शुभकामनाएं दी हैं। अपने संदेश में उपराष्ट्रपति ने कहा कि यह पवित्र दिन भगवान बुद्ध के जन्म, ज्ञान प्राप्ति और महापरिनिर्वाण का प्रतीक है, जिनकी गहन बुद्धि चुनौतीपूर्ण समय में हमारे लिए ध्रुव तारे के रूप में कार्य करती है। उन्होंने कहा कि भगवान बुद्ध का अहिंसा, दया और मध्यम मार्ग का संदेश आज की दुनिया में व्यक्ति और समग्र मानवता दोनों के लिए पहले से कहीं अधिक प्रासंगिक है। उपराष्ट्रपति ने कहा कि गौतम बुद्ध की शिक्षाएँ लोगों को सभी के लिए अधिक शांतिपूर्ण, दयालु और सामंजस्यपूर्ण समाज बनाने की दिशा में मार्गदर्शन करती हैं।

