National

समय का प्रबंधन कर करें परीक्षा की तैयारी : प्रधानमंत्री मोदी

वर्धा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को नई दिल्‍ली के तालकटोरा स्‍टेडियम से परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम के तहत विद्यार्थियों, शिक्षकों और अभिभावकों को संबोधित किया। परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम के सीधे प्रसारण को देखने की व्‍यवस्‍था महात्‍मा गांधी अंतरराष्‍ट्रीय हिंदी विश्‍वविद्यालय, वर्धा के गालिब सभागार, कस्‍तूरबा सभागार एवं दत्तोपंत ठेंगड़ी सभागार में की गयी थी। 11:00 बजे से प्रसारित इस चर्चा के दौरान विश्‍वविद्यालय के कुलपति प्रो. रजनीश कुमार शुक्‍ल, प्रतिकुलपति द्वय प्रो. हनुमानप्रसाद शुक्‍ल एवं प्रो. चंद्रकांत रागीट अलग-अलग सभागार में उपस्थित रहे। इस चर्चा के दौरान विश्‍वविद्यालय के अध्‍यापक, अधिकारी, शोधार्थी एवं विद्यार्थी बड़ी संख्‍या में उपस्थित थे।

परीक्षा पे चर्चा के दौरान प्रधान मंत्री मोदी ने विद्यार्थियों, शिक्षकों तथा अभिभावकों के साथ चर्चा की तथा परीक्षा के तनाव को लेकर अपने महत्‍वपूर्ण सुझाव दिए। उन्‍होंने कहा कि समय का व्यवस्थित प्रबंधन कर परीक्षा की तैयारी करनी चाहिए। स्वयं के सामर्थ्‍य को पहचान कर परीक्षा को एक उत्‍सव की तरह लेना चाहिए। बच्‍चों में मोबाइल और सोशल मीडिया की बढ़ती आदतों को लेकर  उन्‍होंने कहा कि जिस तरह हम एक दिन का उपवास करते हैं उस तरह मोबाइल या गैजेट को एक दिन या कुछ घंटों के लिए अपने से दूर रखना चाहिए। प्रधानमंत्री ने कहा कि कठिन से कठिन कार्य बड़ी खूबी से करने की आदत डालनी चाहिए। एक सवाल के जवाब में उन्‍होंने कहा कि आलोचना और आरोप में बड़ा अंतर होता है। आलोचना करने वालों की आलोचना को स्‍वीकार करना चाहिए और आरोप करने वालों से दूर रहना चाहिए। मोबाइल पर अधिक समय बिताने की आदत का बढ़ना बडे़ खतरे का संदेश है। हमें ऐसी आदतों को कम करना चाहिए। केवल परीक्षा को जीवन का अंतिम नहीं माना जाना चाहिए। एक विद्यार्थी के प्रश्‍न के उत्तर में उन्‍होंने कहा कि एक क्षेत्रीय भाषा सीखने से आप उस क्षेत्र से संबंधित इतिहास और विरासत को जानने के द्वार खोल सकते हैं। अभिभावकों को आह्वान करते हुए उन्‍होंने कहा कि बच्चों को समाज में अनुभवों की एक विस्तृत श्रृंखला से अवगत कराना चाहिए।